एक उम्र के बाद बालों का सफेद होना बिल्कुल आम बात है. लेकिन अगर 20-25 साल की उम्र में ही बाल सफेद होने लगें, तो मन में सवाल उठना लाजिमी है कि आखिर ऐसा क्यों हो रहा है?
आजकल कई युवाओं में कम उम्र में ही बाल सफेद होने की समस्या देखने को मिल रही है. किसी के एक-दो बाल सफेद होते हैं, तो किसी के बालों में काफी जल्दी सफेदी नजर आने लगती है. ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि क्या इसके पीछे सिर्फ जेनेटिक कारण है या खान-पान और लाइफस्टाइल का भी कोई कनेक्शन है? और क्या सफेद हो चुके बाल दोबारा काले हो सकते हैं?
आखिर बालों का रंग सफेद क्यों होता है?
हमारे बालों का रंग एक पिगमेंट की वजह से होता है, जिसे मेलेनिन कहा जाता है. यही पिगमेंट बालों और हमारी स्किन के रंग के लिए जिम्मेदार होता है.
उम्र बढ़ने के साथ शरीर में मेलेनिन का प्रोडक्शन धीरे-धीरे कम होने लगता है. इसी वजह से बाल अपना रंग खोने लगते हैं और धीरे-धीरे सफेद या ग्रे नजर आने लगते हैं.
लेकिन जब यह प्रक्रिया उम्र से काफी पहले शुरू हो जाए, तो इसे प्रीमैच्योर ग्रेइंग कहा जाता है.
कम उम्र में बाल सफेद होने की क्या वजह हो सकती है?
कम उम्र में बाल सफेद होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं. सबसे बड़ा कारण जेनेटिक यानी पारिवारिक हो सकता है. अगर परिवार में किसी के बाल कम उम्र में सफेद हुए हैं, तो आने वाली पीढ़ी में भी इसके चांस बढ़ सकते हैं.
इसके अलावा थायराइड या हार्मोन से जुड़ी समस्या भी बालों के समय से पहले सफेद होने की वजह बन सकती है.
खान-पान भी इसमें अहम भूमिका निभाता है. शरीर में जरूरी पोषक तत्वों की कमी होने पर भी बालों पर असर पड़ सकता है. खासकर विटामिन बी12, विटामिन सी, आयरन, कॉपर और प्रोटीन जैसे पोषक तत्व शरीर और बालों की सेहत के लिए जरूरी हैं.
कुछ मामलों में विटिलिगो जैसी स्किन कंडीशन की वजह से भी प्रभावित हिस्से के बाल सफेद हो सकते हैं.
क्या सफेद बाल दोबारा काले हो सकते हैं?
यही वो सवाल है जिसका जवाब ज्यादातर लोग जानना चाहते हैं.
अगर बाल उम्र बढ़ने की वजह से सफेद हुए हैं, तो एक बार सफेद हो चुके बालों को दोबारा नेचुरल तरीके से काला करने की कोई पक्की दवा या प्रभावी इलाज अभी उपलब्ध नहीं है. बालों को काला दिखाने के लिए हेयर कलर का इस्तेमाल किया जा सकता है.
लेकिन अगर कम उम्र में बाल सफेद होने की वजह विटामिन या न्यूट्रिएंट की कमी, थायराइड या किसी दूसरी मेडिकल कंडीशन से जुड़ी है, तो उस समस्या का इलाज किया जा सकता है. ऐसे मामलों में आगे बालों के समय से पहले सफेद होने की प्रक्रिया को कम या रोका जा सकता है.
क्या घरेलू नुस्खों से सफेद बाल वापस काले हो सकते हैं?
सफेद बाल देखकर लोग अक्सर घरेलू नुस्खे आजमाने लगते हैं. नारियल तेल में नींबू मिलाकर लगाना, अलग-अलग हेयर मास्क इस्तेमाल करना या कई तरह के तेल लगाना आम है.
हालांकि, सफेद बालों को दोबारा काला करने के लिए इन घरेलू नुस्खों का कोई पक्का वैज्ञानिक सबूत नहीं है. इसलिए बिना वजह अलग-अलग चीजें बालों पर लगाने के बजाय पहले यह पता करना जरूरी है कि बाल समय से पहले सफेद क्यों हो रहे हैं.
कब डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए?
अगर कम उम्र में लगातार बाल सफेद हो रहे हैं या अचानक बालों में तेजी से सफेदी बढ़ रही है, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए.
ऐसे में डर्मेटोलॉजिस्ट यानी त्वचा रोग विशेषज्ञ से सलाह ली जा सकती है. डॉक्टर जरूरत के हिसाब से जांच करके पता कर सकते हैं कि इसके पीछे जेनेटिक कारण है, किसी पोषक तत्व की कमी है या कोई दूसरी मेडिकल कंडीशन.
यानी हर सफेद बाल के पीछे बीमारी हो, ऐसा जरूरी नहीं है. लेकिन कम उम्र में बाल तेजी से सफेद हो रहे हैं, तो इसकी वजह जानना जरूरी है. क्योंकि अगर कोई ऐसी समस्या है जिसका इलाज संभव है, तो समय पर उसका इलाज करके आगे बालों के सफेद होने की प्रक्रिया को कम किया जा सकता है.
"एक उम्र के बाद बालों का सफेद होना बिल्कुल आम बात है. लेकिन अगर 20-25 साल की उम्र में ही बाल सफेद होने लगें, तो मन में सवाल उठना लाजिमी है कि…"
